उत्तराखंड में मौसम ने लिया यू-टर्न, पहाड़ों में भारी ओलावृष्टि से बिछी बर्फ की मोटी सफेद चादर और मैदानों में बढ़ी ठंड,,,,,

देहरादून। उत्तराखंड में मौसम के मिजाज में आए अचानक बदलाव ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों से लेकर मैदानी इलाकों तक गुरुवार को जमकर बारिश और ओलावृष्टि दर्ज की गई, जिससे तापमान में भारी गिरावट आई है। मौसम विभाग ने आगामी 24 से 48 घंटों के लिए प्रदेश भर में येलो अलर्ट जारी करते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है।
मसूरी में ओलावृष्टि से दिखा जनवरी जैसा नजारा

पर्यटन नगरी मसूरी में गुरुवार को प्रकृति के दो रूप देखने को मिले। सुबह जहां चटख धूप खिली थी, वहीं दोपहर होते-होते आसमान काली घटाओं से घिर गया। दोपहर दो बजे के बाद शुरू हुई तेज ओलावृष्टि ने पूरे शहर को सफेद चादर से ढक दिया। इस प्राकृतिक बदलाव के कारण तापमान 15°C से नीचे लुढ़क गया, जिससे अप्रैल के अंत में भी स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को भारी जैकेट और गर्म कपड़ों का सहारा लेना पड़ा।
राजधानी और अन्य जनपदों का हाल
देहरादून में भी दोपहर के समय अचानक अंधेरा छा गया और तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। इसके अलावा बदरीनाथ धाम, नई टिहरी और पौड़ी में भी रुक-रुक कर हो रही बारिश ने मार्च-अप्रैल की गर्मी को गायब कर दिया है।
मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते अगले दो दिनों तक राज्य में मौसम का रुख ऐसा ही बना रहेगा। विभाग ने चेतावनी जारी की है कि:
- राज्य के विभिन्न हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झक्कड़ (तेज हवाएं) चल सकती हैं।
- ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी और मध्यम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी ओलावृष्टि की संभावना है।
- आकाशीय बिजली चमकने और ओलावृष्टि को देखते हुए यात्रियों और काश्तकारों को सावधान रहने की हिदायत दी गई है।
अचानक बढ़ी इस ठंड ने जहां गर्मी से राहत दी है, वहीं खड़ी फसलों और बागवानी के लिए इस ओलावृष्टि को नुकसानदेह माना जा रहा है।
