उत्तराखंड पुरोला विधानसभा क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूती, 16 नए सेतुओं और यूटिलिटी शिफ्टिंग के लिए 1 करोड़ 8 लाख रुपये मंजूर,,,

देहरादून। उत्तराखंड शासन के लोक निर्माण अनुभाग-2 ने पुरोला विधानसभा क्षेत्र में जर्जर एवं कम क्षमता वाले सेतुओं के उच्चीकरण और नए सेतुओं के निर्माण को मंजूरी दे दी है। राज्य योजना के अंतर्गत 16 सेतुओं के निर्माण के प्रथम चरण तथा चार सेतुओं की यूटिलिटी शिफ्टिंग के लिए 1 करोड़ 8 लाख 23 हजार रुपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई है। अपर सचिव महावीर सिंह चौहान द्वारा 25 अगस्त 2026 को जारी शासनादेश के अनुसार, कुल 1 करोड़ 30.76 लाख रुपये के प्रस्तावित आगणनों में से परीक्षण के उपरांत यह औचित्यपूर्ण धनराशि स्वीकृत की गई है। चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में 20 कार्यों के लिए प्रति कार्य 10 हजार रुपये के हिसाब से कुल दो लाख रुपये की प्रारंभिक धनराशि विभाग के निवर्तन में रखी जाएगी, जबकि शेष बजट निर्धारित प्रक्रिया के तहत जारी होगा।
🟢 महत्वपूर्ण मोटर मार्गों पर आधुनिक क्लास-ए लोडिंग सेतुओं का होगा निर्माण
स्वीकृत परियोजनाओं के तहत क्षेत्र के महत्वपूर्ण मोटर मार्गों पर पुराने सिंगल लेन क्लास-बी लोडिंग सेतुओं के स्थान पर आधुनिक डेढ़ लेन और डबल लेन क्लास-ए लोडिंग सेतुओं का निर्माण किया जाएगा। इनमें मोरी-नैटवाड़-सांकरी-जखोल राज्य मार्ग-48 के किमी 17 पर डबल लेन क्लास-ए लोडिंग सेतु और त्यूनी-पुरोला-नौगांव राज्य मार्ग-17 के किमी 83 पर डेढ़ लेन क्लास-ए लोडिंग सेतु के निर्माण का प्रथम चरण विशेष रूप से शामिल है। इन संरचनाओं के तैयार होने से पुरोला, नौगांव और मोरी क्षेत्र के दूरस्थ गांवों को बेहतर सड़क संपर्क मिलने के साथ ही यातायात व्यवस्था को नई मजबूती मिलने की पूरी उम्मीद है।
🟢 क्षेत्रीय विधायक ने मुख्यमंत्री और विभागीय मंत्री के प्रति जताया आभार
क्षेत्रीय विधायक दुर्गेश लाल ने पुरोला विधानसभा क्षेत्र में सेतुओं के उच्चीकरण एवं निर्माण कार्यों को स्वीकृति मिलने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और लोक निर्माण विभाग के मंत्री का हार्दिक आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि पुरोला की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच मजबूत और सुरक्षित पुलों का निर्माण अत्यंत आवश्यक है। नए सेतुओं के आने से आवागमन सुगम और सुरक्षित होगा तथा ग्रामीण कनेक्टिविटी को बढ़ावा मिलेगा। विधायक ने विश्वास जताया कि राज्य सरकार के नेतृत्व में इन सभी स्वीकृत कार्यों को समयबद्ध ढंग से धरातल पर उतारा जाएगा।
