उत्तराखंड जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में हरिद्वार में महा-स्वच्छता अभियान में 300 मीट्रिक टन कूड़े का हुआ निस्तारण,,,,

हरिद्वार। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के कुशल निर्देशन में जनपद हरिद्वार में एक वृहद स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। इस महा-अभियान के तहत अब तक जिले की सीमाओं से लेकर शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों तक करीब 300 मीट्रिक टन कूड़े का सफल निस्तारण किया जा चुका है।

गंगा दशहरा पर्व के समापन के बाद विभिन्न विभागों को सौंपी गई जिम्मेदारियों के तहत यह सफाई कार्य लगातार जारी है।
🟢 हाईवे और संपर्क मार्गों पर ‘राईट ऑफ वे’ के तहत विशेष ध्यान
स्वच्छता अभियान के नोडल अधिकारी चंद्रकांत मणि त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया कि इस अभियान का दायरा जिले की सीमाओं तक फैला हुआ है। ‘राईट ऑफ वे’ के तहत राष्ट्रीय राजमार्गों (National Highways), संपर्क मार्गों और सीमावर्ती क्षेत्रों से जुड़े तमाम रास्तों पर विशेष सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ललित नारायण मिश्र ने इस संबंध में कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने जिला स्वच्छता नोडल अधिकारी को स्पष्ट हिदायत दी है कि अभियान की प्रगति की लाइव रिपोर्ट, फोटो और वीडियो के साथ सीधे कंट्रोल रूम को प्रेषित की जाए।


🟢 त्रिस्तरीय निगरानी तंत्र सक्रिय
अभियान को पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है:
- ग्रामीण क्षेत्रों में: खंड विकास अधिकारी (BDO), तहसीलदार और उप जिलाधिकारी (SDM) अपने-अपने क्षेत्रों में जमीनी स्तर पर अभियान की मॉनिटरिंग कर रहे हैं।
- शहरी व नगर निकायों में: अधिशासी अधिकारी (EO) और सफाई निरीक्षक (Sanitation Inspectors) खुद मौके पर रहकर कार्य करवा रहे हैं और दैनिक रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं।
🟢 गंगा दशहरा के कचरे का निस्तारण और प्री-मानसून तैयारियां
इस विशेष स्वच्छता अभियान के दो मुख्य उद्देश्य हैं:
- श्रद्धालुओं द्वारा फैलाए कचरे की सफाई: गंगा दशहरा के पावन अवसर पर देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं द्वारा छोड़े गए कूड़े-कचरे को पूरी तरह साफ करने पर विशेष जोर दिया गया है।
- जलभराव और बीमारियों से बचाव: आगामी मानसून को देखते हुए प्री-मानसून नाले और नालियों की सफाई का कार्य भी अत्यंत तेजी से किया जा रहा है, ताकि बरसात के दिनों में जलभराव की स्थिति पैदा न हो और संक्रामक बीमारियों के खतरे से बचा जा सके।
