उत्तराखंड में सक्रिय हुआ पश्चिमी विक्षोभ 11 अक्टूबर तक बारिश और बर्फबारी के आसार, प्रदेश के 9 जिलों में ‘येलो अलर्ट’ जारी,,,

देहरादून। उत्तराखंड में मानसून की विदाई के तुरंत बाद मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) की सक्रियता के चलते प्रदेश में 11 अक्टूबर तक बारिश और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विज्ञान केंद्र ने तेज हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका को देखते हुए प्रदेश के 9 जिलों में ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है।
🟢 दिनवार मौसम का पूर्वानुमान
- 6 से 8 अक्टूबर: पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम करवट लेगा। 4200 मीटर व उससे अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की से मध्यम बर्फबारी के आसार हैं।
- 9 अक्टूबर: प्रदेश के सभी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। 3800 मीटर से अधिक ऊंचाई पर हिमपात होगा।
- 10 अक्टूबर: बारिश और बर्फबारी का क्रम जारी रहेगा। राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है, जबकि 3800 मीटर से ऊंचे क्षेत्रों में बर्फ की चादर बिछ सकती है।
- 11 अक्टूबर: पर्वतीय जिलों में छिटपुट हल्की बारिश और ऊंची चोटियों पर बर्फबारी की संभावना बनी रहेगी। वहीं मैदानी क्षेत्र—हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है।
🔴 इन जिलों में येलो अलर्ट, 40 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
मौसम विभाग ने देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चमोली, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान इन पर्वतीय और तराई से सटे जनपदों में गर्जन के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से झोंकेदार हवाएं चलने और आकाशीय बिजली गिरने का जोखिम रहेगा।
मौसम में आए इस बदलाव से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे राज्य भर में ठंड की दस्तक तेज हो गई है। प्रशासन ने ऊंचाई वाले इलाकों में जाने वाले यात्रियों और स्थानीय निवासियों को सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
