हरिद्वार वार्षिक मरम्मत कार्य के चलते ऊपरी गंगनहर बंद, हरकी पैड़ी पर गहराया जल संकट,स्नान के लिए वैकल्पिक व्यवस्था का प्रयास,,,

हरिद्वार। सालाना मरम्मत और सफाई कार्यों के चलते मंगलवार मध्य रात्रि से ऊपरी गंगनहर को बंद कर दिया गया है।
“18 दिनों तक गंगनहर रहेगी बंद, श्रद्धालुओं को स्नान हेतु जल उपलब्ध कराने में जुटा सिंचाई विभाग”
गंगनहर बंद होते ही विश्व प्रसिद्ध हरकी पैड़ी पर गंगाजल का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। अब आगामी 18 दिनों के बाद ही हरकी पैड़ी पर मां गंगा की अविरल धारा दोबारा लौट सकेगी।
🔴 व्यापार और पर्यटन पर असर की आशंका

गंगनहर में पानी बंद होने के कारण सूखी पड़ी गंगा नदी की तलहटी में स्थानीय लोग सिक्के तलाशते नजर आए। त्योहारी सीजन के दौरान गंगनहर बंद किए जाने से हरकी पैड़ी क्षेत्र में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की संख्या घटने की आशंका है, जिससे स्थानीय व्यापारियों में चिंता है। व्यापारियों का कहना है कि वे इस सीजन में नहर बंदी का विरोध करते आ रहे हैं, लेकिन उनकी मांग पर विचार नहीं किया गया। इसके अतिरिक्त उत्तराखंड से होते हुए उत्तर प्रदेश जाने वाली गंगनहर से किसानों के खेतों की सिंचाई का पानी भी बाधित हो गया है।
🟢 स्नान के लिए वैकल्पिक व्यवस्था का प्रयास

उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के एसडीओ भारत भूषण ने बताया कि गंगनहर बंदी के दौरान भी हरकी पैड़ी पर श्रद्धालुओं को गंगा स्नान के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने के लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि देश-विदेश से आने वाले यात्रियों को असुविधा न हो।
