उत्तरकाशी में खाद्य सुरक्षा विभाग की बैठक, टर्नओवर के आधार पर तय होंगे लाइसेंस और शुल्क, एनालॉग पनीर पर लगाया प्रतिबंध,,,,

उत्तरकाशी। खाद्य सुरक्षा विभाग ने मंगलवार को जिला मुख्यालय के एक होटल में शहर के व्यापारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा अश्विनी सिंह की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक का मुख्य उद्देश्य व्यापारियों को लाइसेंस और पंजीकरण की नई व्यवस्था से अवगत कराना रहा। बैठक में कारोबारियों के वार्षिक टर्नओवर के आधार पर लाइसेंस के नियम, शुल्क और खाद्य सुरक्षा से जुड़े कई कड़े निर्देश जारी किए गए।
🟢 टर्नओवर के आधार पर लाइसेंस और वार्षिक शुल्क
विभागीय अधिकारियों ने जानकारी दी कि सभी व्यापारी अपनी इच्छा और सुविधा के अनुसार लाइसेंस की वैधता का चुनाव कर सकते हैं:
- ₹1.5 करोड़ से कम टर्नओवर: ऐसे व्यापारियों का पंजीकरण कर स्टेट लाइसेंस जारी किया जाएगा, जिसकी वार्षिक फीस ₹100 है।
- ₹1.5 करोड़ से ₹50 करोड़ टर्नओवर: इस श्रेणी के व्यापारियों को भी स्टेट लाइसेंस दिया जाएगा, जिसकी वार्षिक फीस ₹5,000 प्रति वर्ष होगी।
- ₹50 करोड़ से अधिक टर्नओवर: इस बड़े स्तर के खाद्य कारोबारियों के लिए सेंट्रल लाइसेंस जारी किया जाएगा, जिसकी वार्षिक फीस ₹7,500 निर्धारित की गई है।
🔴 खाद्य सुरक्षा विभाग के कड़े निर्देश
सहायक आयुक्त अश्विनी सिंह ने होटल, रेस्टोरेंट और खाद्य प्रतिष्ठान संचालकों को गुणवत्ता और साफ-सफाई को लेकर सख्त हिदायत दी:
- तिथि का अंकन: सभी पैक्ड खाद्य पदार्थों पर पैकिंग तिथि के साथ एक्सपायरी या ‘यूज बाय’ डेट प्रिंट होना अनिवार्य है।
- पनीर की बिक्री: बाजार में एनालॉग पनीर की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है, केवल शुद्ध पनीर का ही विक्रय किया जाए।
- स्वास्थ्य और स्वच्छता: खाद्य पदार्थों को रखने या परोसने के लिए अखबार का प्रयोग बिल्कुल न करें। प्रतिष्ठानों में नियमित पेस्ट कंट्रोल करवाएं और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें।
- रखरखाव: एक ही खाना पकाने वाले तेल का बार-बार इस्तेमाल न किया जाए तथा शाकाहारी एवं मांसाहारी खाद्य सामग्री को अलग-अलग फ्रिज में सुरक्षित रखा जाए।
बैठक में खाद्य व्यवसायी रमेश चंदोक, सुभाष बडोनी, अंकित उप्पल, गौरव उप्पल, अभिषेक अग्रवाल, शैलेंद्र मटूड़ा के अलावा औषधि निरीक्षक मोहम्मद ताजिम, सहायक संजय पश्चिमी और नागेंद्र सिंह चौहान सहित कई गणमान्य व्यापारी उपस्थित रहे।
