उत्तराखंड ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंजी केदारघाटी: केदारनाथ धाम के कपाट खुले, श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ा,,,,

रुद्रप्रयाग/केदारनाथ: अक्षय तृतीया के पावन पर्व के कुछ दिनों पश्चात, आज 22 अप्रैल, 2026 की सुबह ठीक 8:00 बजे बाबा केदारनाथ के कपाट ग्रीष्मकाल के लिए खोल दिए गए। मंदिर के मुख्य पुजारी (रावल) और वेदपाठियों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण और पारंपरिक अनुष्ठानों के साथ मंदिर के मुख्य द्वार का ताला खोला गया। इस ऐतिहासिक और आध्यात्मिक क्षण के साक्षी बनने के लिए प्रदेश के मुखिया पुष्कर सिंह धामी धर्मपत्नी सहित बने इस पल के साक्षी। इस मौक पर देश-विदेश से आए हजारों श्रद्धालुओ ने केदारपुरी पहुंचकर बाबा का आशीर्वाद लिया।
🏵️ फूलों से महकी केदारपुरी

बाबा के दरबार को लगभग 51 क्विंटल फूलों से भव्य रूप से सजाया गया है। पूरी केदारघाटी ‘जय केदार’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से गुंजायमान है। कपाट खुलने के प्रथम अवसर पर मंदिर में सेना के बैंड की मधुर धुनों ने वातावरण को और भी भक्तिमय बना दिया।
🏵️ उखीमठ से बाबा की डोली का आगमन

परंपरा के अनुसार, भगवान केदारनाथ की पंचमुखी भोगमूर्ति (डोली) अपने शीतकालीन निवास ओंकारेश्वर मंदिर, उखीमठ से प्रस्थान कर विभिन्न पड़ावों (गुप्तकाशी, फाटा और गौरीकुंड) से होते हुए मंगलवार शाम को ही केदारनाथ धाम पहुंच गई थी। आज सुबह डोली के मंदिर में प्रवेश के पश्चात कपाट खोलने की प्रक्रिया संपन्न हुई।
🏵️ प्रशासनिक व्यवस्थाएं और पंजीकरण

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दीं। प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार:
- अनिवार्य पंजीकरण: इस वर्ष यात्रियों की सुरक्षा के लिए QR-कोड आधारित पंजीकरण अनिवार्य किया गया है।
- दर्शन का समय: भक्तों के लिए सामान्य दर्शन सुबह 7:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक और पुनः शाम 5:00 बजे से 7:00 बजे तक खुले रहेंगे।
- श्रद्धालुओं की संख्या: इस वर्ष अब तक लगभग 19 लाख से अधिक श्रद्धालु चारधाम यात्रा के लिए अपना पंजीकरण करा चुके हैं, जो एक नया कीर्तिमान है।
🏵️ यात्रा का क्रम
19 अप्रैल को गंगotri और यमुनोत्री के कपाट खुलने के साथ चारधाम यात्रा शुरू हो चुकी थी। आज केदारनाथ के द्वार खुले हैं और कल, 23 अप्रैल को भगवान बद्रीनाथ के कपाट खुलने के साथ ही चारों धामों के दर्शन पूर्ण रूप से सुलभ हो जाएंगे।
प्रशासन ने ऊंचे हिमालयी क्षेत्रों में बदलते मौसम को देखते हुए श्रद्धालुओं से स्वास्थ्य जांच कराने और गर्म कपड़े साथ रखने की अपील की है।
