उत्तराखंड नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी की जमीन पर राजनीति का आरोप, रानीपोखरी की भूमि को खुर्द-बुर्द कर रही धामी सरकार- डॉ. हरक सिंह रावत

देहरादून: प्रदेश कांग्रेस चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ. हरक सिंह रावत ने आरोप लगाया है कि धामी सरकार ऋषिकेश के रानीपोखरी में नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के लिए आवंटित भूमि को खुर्द-बुर्द करने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार अपनी ही पूर्व घोषणाओं और निर्णयों से पीछे हटती नजर आ रही है।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए डॉ. हरक सिंह रावत ने कहा कि भाजपा सरकार के दौरान तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के कार्यकाल में रानीपोखरी में नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के लिए भूमि आवंटित की गई थी। उस समय मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने स्थानीय सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ और शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत की उपस्थिति में विश्वविद्यालय का शिलान्यास भी किया था। उन्होंने कहा कि सात वर्ष बीत जाने के बावजूद वहां विश्वविद्यालय निर्माण की दिशा में कोई ठोस कार्य नहीं हुआ और एक ईंट तक नहीं रखी गई।
उन्होंने आरोप लगाया कि अब विश्वविद्यालय के नाम पर आवंटित भूमि को टिहरी बांध विस्थापितों के नाम पर इधर-उधर करने की कोशिश की जा रही है। डॉ. रावत ने कहा कि इससे मुख्यमंत्री पद की संवैधानिक गरिमा भी प्रभावित हुई है, क्योंकि एक मुख्यमंत्री द्वारा किए गए शिलान्यास और सरकारी आदेशों की अनदेखी की जा रही है।
डॉ. हरक सिंह रावत ने भाजपा पर आंतरिक गुटबाजी का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी के नेता एक-दूसरे को किसी भी कार्य का श्रेय नहीं देना चाहते। उन्होंने कहा कि रानीपोखरी में चल रहे आंदोलन से स्पष्ट है कि जनता अब सरकार की घोषणाओं और शिलान्यासों पर भरोसा नहीं कर पा रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान जनता को भ्रमित करने के लिए लॉ यूनिवर्सिटी के नाम पर केवल राजनीतिक घोषणा की गई थी। अब स्थानीय जनता को अपने अधिकारों के लिए आंदोलन करना पड़ रहा है, जिसमें कांग्रेस कार्यकर्ता, निर्वाचित प्रतिनिधि और प्रधान संगठन के लोग भी शामिल हैं।
डॉ. रावत ने आंदोलन के दौरान प्रशासन की कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे लोगों पर उपजिलाधिकारी के नेतृत्व में पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किया गया और महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार किया गया, जो किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनता के साथ खड़ी है और यदि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनती है तो उसी स्थान पर नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी का निर्माण सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि धामी सरकार ने न केवल स्थानीय जनता बल्कि टिहरी बांध विस्थापित परिवारों के साथ भी अन्याय किया है और उनकी स्थिति असमंजसपूर्ण बना दी है।
डॉ. हरक सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश की जनता आने वाले विधानसभा चुनाव में इसका जवाब देगी।
इस अवसर पर प्रदेश प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह, शीशपाल सिंह बिष्ट, पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा, विनोद चौहान और गुल मोहम्मद सहित कई कांग्रेस पदाधिकारी मौजूद
